हरियाणा पुलिस में 2030 तक भरेंगे सभी खाली पद, 15 हजार जवानों की होगी भर्ती

 चंडीगढ़
हरियाणा पुलिस में लंबे समय से चल रही मैनपावर की कमी को दूर करने के लिए सरकार ने चरणबद्ध भर्ती का रोडमैप तैयार किया है। पुलिस विभाग में खाली चल रहे सभी पदों को वर्ष 2030 तक भरने की तैयारी है।

हरियाणा कर्मचारी चयन आयोग (एचएसएससी) के माध्यम से फिलहाल करीब छह हजार पदों पर भर्ती की प्रक्रिया चल रही है। इनमें पुलिस विभाग के 5600 कांस्टेबल और वन विभाग के करीब 500 वन गार्ड शामिल हैं। कांस्टेबल की भर्ती के लिए शारीरिक माप परीक्षण (पीएमटी) और शारीरिक दक्षता परीक्षण (पीएसटी) की प्रक्रिया पूरी हो चुकी है, जबकि वन गार्डों की भर्ती की यह प्रक्रिया अभी संचालित है।

हरियाणा के पुलिस विभाग में कुल 78 हजार स्वीकृत पद हैं, जिनमें 25 से 30 प्रतिशत यानी 25 हजार के आसपास पद खाली हैं। पुलिस महानिदेशक अजय सिंघल ने स्वयं यह आंकड़ा इंटरनेट मीडिया पर साझा किया है। उन्होंने हरियाणा पुलिस में मैनपावर की कमी दूर करने के लिए सिलसिलेवार भर्ती कराने के संकेत दिए हैं।

पुलिस जवानों की भर्ती का नोटिफिकेशन जारी
पुलिस विभाग का लक्ष्य अगले कुछ वर्षों में चरणबद्ध तरीके से रिक्त पदों को भरना है। पुलिस महानिदेशक के प्रस्तावित भर्ती रोडमैप के मुताबिक, अगले छह माह में दो बड़ी कांस्टेबल भर्तियां शुरू कराने की योजना पर बढ़ा जा रहा है। नवंबर 2026 में करीब चार हजार पुलिस जवानों की भर्ती का नोटिफिकेशन जारी होने की संभावना है।

इसके बाद मार्च 2027 में फिर 5500 पुलिसकर्मियों की भर्ती निकाली जा सकती है। इन नई भर्तियों के प्रस्ताव हरियाणा सरकार के माध्यम से राज्य कर्मचारी चयन आयोग के पास पहुंचने के बाद ही भर्ती प्रक्रिया आरंभ होगी। वर्तमान में चल रही 5500 कांस्टेबलों की भर्ती का नोटिफिकेशन जनवरी में जारी किया गया था। इसके साथ ही वन विभाग में करीब 500 वन गार्डों की भर्ती प्रक्रिया भी चल रही है।

2030 तक चरणबद्ध तरीके से भरेंगे सभी खाली पद
पुलिस महानिदेशक अजय सिंघल की योजना के अनुसार 2028 के बाद भी भर्ती प्रक्रिया जारी रहेगी। नवंबर 2026 और मार्च 2027 की प्रस्तावित भर्तियों के बाद वर्ष 2028 से 2030 के बीच बचे हुए रिक्त पदों को चरणबद्ध तरीके से भरा जाएगा।

प्रदेश सरकार की अगले दो वर्षों में करीब 15 हजार नए पुलिस जवान भर्ती करने की योजना है। पुलिस महानिदेशक अजय सिंघल ने बताया कि सभी चरणों की भर्ती वर्ष 2030 तक पूरी करने का लक्ष्य है। इसके बाद पुलिस विभाग में मैनपावर की मौजूदा कमी काफी हद तक दूर हो जाएगी।

लगातार भर्ती होने से पुलिस बल की उपलब्धता बढ़ेगी और प्रदेश में कानून-व्यवस्था से जुड़ी जिम्मेदारियों को पूरा करने के लिए पर्याप्त संख्या में जवान उपलब्ध हो सकेंगे।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *